Dr. Padma Sharma / डॉ पद्मा शर्मा
डॉ पद्मा शर्मा हिंदी की कहानीकार, लेखक और आलोचक हैं। इनकी प्रमुख रचनाएँ हैं: जीवन की नई सुबह (कहानी संग्रह), रेत का घरौंदा (कहानी संग्रह), जलसमाधि तथा अन्य कहानियाँ (कहानी संग्रह), समकालीन हिन्दी कहानी में सांस्कृतिक मूल्य (आलोचनात्मक पुस्तक), सौन्दर्यबोध एवं भारतीय चिन्तन परम्परा (आलोचनात्मक पुस्तक), रांगेय राघव की कहानियों का समाजशास्त्रीय अध्ययन (शोध पुस्तक), और भीड़ से अलग एक आंचलिक उपन्यास (सम्पादित पुस्तक)।
इनकी राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय पत्र-पत्रिकाओं में कहानी, कविता, समीक्षा, व्यंग्य व आलेख निरंतर प्रकाशित होते रहते हैं।
सम्मान एवं पुरस्कार: सुभद्राकुमारी चौहान पुरस्कार (साहित्य अकादमी म.प्र. भोपाल), वागीश्वरी पुरस्कार (म.प्र. हिन्दी साहित्य सम्मेलन), सावित्रीबाई फुले पुरस्कार (दलित साहित्य अकादमी दिल्ली), राधेश्याम चितलांगिया पुरस्कार, कमलेश्वर स्मृति कथा पुरस्कार, डॉ संतोष तिवारी समीक्षा सम्मान, हिन्दी सेवी सम्मान 2012 तथा प्रतिभा सम्मान पुरस्कार।
इनकी रचनाओं का आकाशवाणी ग्वालियर, शिवपुरी, दिल्ली दूरदर्शन तथा राज्यसभा चैनल आदि से प्रसारण हो चुका है। कहानियों का तेलुगु, पंजाबी, उर्दू, अंग्रेजी तथा अन्य भाषाओं में अनुवाद हुआ है। संप्रति आप म. प्र. उच्चशिक्षा विभाग में प्राध्यापक (हिन्दी) के पद पर कार्यरत हैं।