Jayant Vishnu Narlikar (जयन्त विष्णु नार्लीकर)
जयन्त विष्णु नार्लीकर (जन्म 19 जुलाई 1938) प्रसिद्ध भारतीय भौतिकीय वैज्ञानिक और विज्ञान-लेखक हैं। वे ब्रह्माण्ड के स्थिर अवस्था सिद्धान्त (Steady State Theory) के विशेषज्ञ हैं और फ्रेड हॉयल के साथ भौतिकी के प्रसिद्ध 'हॉयल-नार्लीकर सिद्धान्त' के प्रतिपादक हैं। उनकी आत्मकथा 'चार नगरातले माझे विश्व' के लिए उन्हें वर्ष 2014 में साहित्य अकादमी पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
नार्लीकर ने विज्ञान को जन-साधारण तक पहुँचाने के लिए अंग्रेजी, हिन्दी और मराठी में अनेक कल्पित (Science Fiction) तथा अकल्पित पुस्तकें रची हैं। 'धूमकेतु' उनकी वैज्ञानिक कथाओं का एक चर्चित संग्रह है। उनका विज्ञान-उपन्यास 'द रिटर्न ऑफ वामन' (वामन की वापसी) भविष्य की घटनाओं पर आधारित है, जिसमें आधुनिक विज्ञान और पौराणिक आख्यानों का सुंदर सामंजस्य दिखता है।