Rajendra Munda / राजेंद्र मुंडा

सिविल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा करने के बाद राजेंद्र मुंडा झारखंड सरकार के जल संसाधन विभाग में कनिष्ठ अभियंता हैं। राँची के बुंडू प्रखंड के गभड़ेया गाँव के राजेंद्र राँची विश्वविद्यालय से इतिहास में स्नातकोत्तर भी हैं। इनकी माँ का नाम सरीबाबी और बाबा का नाम सीताराम मुंडा है। सन् 2006 से इन्होंने लिखना शुरू किया और अब ये साहित्य की प्रायः सभी विधाओं में लिख रहे हैं। कविता और कहानियों के साथ-साथ समसामयिक विषयों पर निबंध लिखने में इनकी विशेष रुचि है। कहानियाँ और कविताएँ मुंडारी और हिंदी दोनों भाषाओं में, जबकि निबंध लेखन मुख्यत: हिंदी में कर रहे हैं। स्थानीय पत्र-पत्रिकाओं में ये निरंतर छप रहे हैं और मुंडारी व हिंदी के एक समर्थ रचनाकार बनने की दिशा में राजेंद्र मुंडा तेजी से अग्रसर हैं।

Rajendra Munda / राजेंद्र मुंडा

राजेंद्र मुंडा - कहानियाँ हिन्दी में

Rajendra Munda - Stories in Hindi