Alfred de Musset
अल्फ्रेड द मसेट
अल्फ्रेड द मसेट (११ दिसंबर १८१० – २ मई १८५७) फ्रांसीसी नाटककार, कवि और उपन्यासकार थे। अल्फ्रेड का जन्म पेरिस में हुआ था। उनका परिवार उच्चकुलीन निर्धन परिवार था। उनके पिता ने अनेक प्रमुख सरकारी पदों पर काम किया, लेकिन अपने बेटे को कभी कुछ नहीं दिया। उनकी माँ भी पति के समान ही थीं। घर में भव्य पार्टियों का आयोजन करती रहती थीं। नन्हे मसेट के हृदय पर इस बात का गहरा प्रभाव पड़ा। बाल्यकाल में मसेट की प्रतिभा पुरानी रोमांटिक कहानियों पर आधारित छोटे-छोटे नाटकों में अभिनय के रूप में उभरी। चिकित्सा, कला, संगीत (पियानो), अंग्रेजी में अभिरुचि होने के कारण उनका प्रथम काव्य-संग्रह (Tales of Spain and Italy) १८२८ में प्रकाशित हुआ। उसके कारण वे प्रारंभिक रोमांटिक कवियों में प्रसिद्ध हो गए। उस समय उनकी आयु केवल २० वर्ष की थी।
सन् १८३३–१८३५ के मध्य प्रसिद्ध फ्रेंच लेखिका जार्ज सैंड के साथ प्रेम संबंध रहे। अपने आत्मकथात्मक उपन्यास 'The Confession of the Child of the Century' में इसका वर्णन किया है। १९९९ में इसके आधार पर फिल्म का निर्माण हुआ। कहा जाता है कि उनकी 'Two Nights of Excess' (१८३३) कृति भी जार्ज सैंड पर ही आधारित है।
२४ अप्रैल, १८४५ को मो मसेट को हानर-द-ब्लाजाक के साथ 'Legion d'honneur' से सम्मानित किया गया। १८५२ में उनको फ्रेंच अकादमी का सदस्य मनोनीत किया गया। हृदयगति रुकने के कारण २ मई, १८५७ को मसेट का देहांत हो गया।